फ़तावा

न पहचानने योग्य लाशों को कैसे दफनाया जाए?

अगर मुसलमानों और ग़ैर मुस्लिमों का एक साथ इन्तेक़ाल (मृत्यु) हो जाए (जैसा के भूकंप और बाढ़ वग़ैरह में होता है) और मुसलमानों और ग़ैर मुस्लिमों की लाशों में फ़र्क करना अशक्य हो, तो उस की विभिन्न सूरतें है...

اور پڑھو

अहलो अयाल (परीवार) पर ख़र्च करना

सवाल – आशूरा के दिन घरवालों (परीवार) पर ख़र्च करने के बारे में जो हदीस हे, इस के बारे में यह पूछना है कि क्या आशूरा के दिन ही सामान ख़रीद कर घरवालों को देना है या ऐसा भी कर सकते हैं कि मशगूलीयात (व्यस्त होने) की वजह से कुछ …

اور پڑھو

हालते एहराम में इन्तेक़ाल होने वाले की तजहिज़ व तकफ़ीन

अगर किसी शख़्स का हालते एहराम में इन्तेक़ाल हो जाए(चाहे उसने हज का एहराम बांधा हो या उमरह का), उस की तजहिज़ व तकफ़ीन साधारण हालात में मरने वाले की तरह की जाएगी यअनी उस को शरीअत के अनुसार ग़ुसल दिया जाऐगा और कफ़न पहनाया जाएगा...

اور پڑھو