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अम्र बिल मारूफ़ और नही अनिल मुनकर की ज़िम्मे दारी – प्रकरण ४

अम्र बिल मारूफ़ और नही अनिल मुनकर का फ़रीज़ा किस की ज़िम्मेदारी है? अम्र बिल मारूफ़ और नही अनिल मुनकर दीन का एक अहम फ़रीज़ा है. यह फ़रीज़ा उम्मत के हर फ़र्द की ज़िम्मे पर है, अलबत्ता हर फ़र्द इस फ़रीज़े को अपने इल्म और सहनशिलता के अनुसार अन्जाम देगा. …

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सुरए नसर की तफ़सीर

(ए मोहम्मद सल्लल्लाहु अलयहि वसललम) जब अल्लाह की मदद और फतह (फ़तहे मक्का) आ जाए (१) और आप लोगों को देख लें के वज जोक़ दर जोक़ अल्लाह के दीन में दाख़िल हो रहे हैं (२) तो आप अपने परवरदिगार की तस्बीह तथा तहमीद किजीए और उस से मग़फ़िरत तलब किजीए. बेशक वह बहोत माफ़ करने वाला है (३)...

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उम्मत में सब से बेहतरीन लोग

हज़रत रसूलुल्लाह (सल्लल्लाहु अलयहि वसल्लम) ने इरशाद फ़रमाय के “मेरी उम्मत में सब से बेहतरीन लोग मेरे ज़माने के लोग हैं (सहाबए किराम रज़ि.) फिर वह लोग जो उन के बाद हैं (ताबिईन इज़ाम रह.) फिर वह लोग जो उन के बाद हैं (तबे ताबिईन रह.).” (सहीहल बुख़ारी, रक़म नं-३६५०) …

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दूसरों के सुधार की चिंता से ज्यादा महत्वपूर्ण आत्म-सुधार की चिंता है

हज़रत मौलाना अशरफ़ अली थानवी (रह.) ने एक मर्तबा इरशाद फ़रमायाः ‎“बड़ी ज़रूरत इस की है के हर व्यक्ति अपनी फ़िकर में लगे और अपने आमाल की इस्लाह करे. आज कल यह मरज़ आाम हो गया है अवाम में भी ख़वास में भी के दूसरों की तो इस्लाह की फ़िकर …

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इत्तेबाए सुन्नत का प्रबंध – ४

  जुमहूर उम्मत के रास्ते पर चलना और शाज़ अक़वाल से बचवु नबिए करीम (सल्लल्लाहु अलयहि वसल्लम) ने इस बात की भविष्य वाणी फ़रमाई है के एक एसा ज़माना आएगा, जब लोग फ़ितनों और आज़माईशों में मुबतला होंगे. नीज़ उस ज़माने में बहोत से लोग किताबो सुन्नत के ख़िलाफ़ नई …

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